कर्नाटक में कांग्रेस को झटका, नाराज़ विधायक डॉ जाधव का इस्तीफा

सिद्धारमैयापूर्व मुख्यमंत्री सिद्धरमैया (फाइल फोटो)

बेंगलुरु | कर्नाटक में कांग्रेस- जेडीएस सरकार में सियासी उठा-पटक जारी है। कांग्रेस के मौजूदा विधायक डॉ उमेश जाधव ने पार्टी से नाराज़ होकर इस्तीफा दे दिया है। जाधव ने बिना कोई वजह बताए अपना इस्तीफा विधानसभा अध्यक्ष के.आर. रमेश कुमार को सौंप दिया। कुल 224 सदस्यों वाली कर्नाटक विधानसभा में अब कांग्रेस विधायकों की संख्‍या 79 रह गई है। जाधव कलबुर्गी जिले के चिंचोली विधानसभा क्षेत्र से दो बार विधायक रहे हैं।

कांग्रेस ने अवसरवादी बताया

इस्तीफे के बाद कांग्रेस पार्टी ने जाधव को अवसरवादी करार दिया है ।  पार्टी की राज्य इकाई के अध्यक्ष दिनेश गुंडु राव के मुताबिक पार्टी ने जाधव की नाराजगी दूर करने की कोशिश की थी लेकिन वह सत्ता के भूखे हैं । दिनेश गुंडु राव ने कहा कि पार्टी डॉ जाधव से निराश है ।

जाधव कांग्रेस के उन चार ‘बागी’ विधायकों में शामिल हैं, जिनके खिलाफ कांग्रेस विधायक दल के नेता सिद्धारमैया ने पिछले महीने कानूनी कार्रवाई की मांग की थी। डॉ जाधव के साथ-साथ रमेश जरकीहोली, बी. नागेंद्र और महेश कुमटल्ली ने पार्टी की तरफ से जारी किए गए व्हिप का उल्लंघन किया था । पार्टी की तरफ से कांग्रेस विधायक दल की बैठक और विधानसभा के बजट सत्र के लिए व्हिप जारी किया गया था ।

पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने 11 फरवरी को विधानसभा अध्यक्ष को दलबदल विरोधी कानून के तहत इन चारों विधायकों को अयोग्य ठहराने की मांग भी की थी । कांग्रेस पार्टी हमेशा से बीजेपी पर विधायकों को खरीदने की कोशिश करने का आरोप लगा रही है। संसद के बजट सत्र में भी कर्नाटक के जेडीएस और कांग्रेस के विधायकों की खरीद-फरोख्त का मुद्दा उठा था।

आईएएनएस इनपुट के साथ