बिहार के 40 गांवों में होगी जलवायु अनुकूल खेती

Agriculture

पटना।  बिहार में अब जलवायु अनुकूल खेती की जाएगी। कृषि विभाग ने इसके लिए योजना तैयार कर ली है। पहले चरण में इसके लिए आठ जिलों के 40 गाँव चुने गए हैं।

कृषि विभाग के सचिव एन. श्रवण कुमार के मुताबिक आठ जिलों के 40 गाँव जलवायु अनुकूल कृषि के लिए मॉडल बनेंगे। इनमें मधुबनी, खगड़िया, भागलपुर, बांका, मुंगेर, गया, नवादा और नालंदा के पांच-पांच गाँव शामिल हैं।

उन्होंने बताया कि इसके तहत फसल चक्र में उन अनाजों को बोया जाएगा, जिसमें किसानों को ज्यादा बारिश का इंतजार नहीं करना पड़े, इस खेती से विपरीत हालात में भी किसान खेती करने में सक्षम हो सकेंगे। स्थानीय इलाकों में कौन-कौन सी फसल की खेती होनी चाहिए, इसकी जानकारी भी किसानों को दी जाएगी। इसके लिए कृषि विज्ञान केंद्रों में प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी।

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उन्होंने कहा कि इन गांवों में कृषि उत्पादन बढ़ने के बाद नौ और जिलों में इस पद्धति को अपनाया जाएगा ।

कृषि विभाग के एक अधिकारी के मुताबिक जलवायु परिवर्तन के अनुकूल बोरलग इंस्टीट्यूट फॉर साउथ एशिया, डॉ राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, बिहार कृषि विश्वविद्यालय और भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद ने मिलकर नया फसल चक्र और खेती की नई तकनीक विकसित की है ।

सरकार इस योजना के जरिए किसानों को उनकी फसल के लिए ज्यादा से ज्यादा मुनाफा दिलाना चाहती है । कृषि रोड मैप के तहत इस कार्यक्रम के लिए साल 2019 से 2024 तक 60.65 करोड़ रुपये खर्च होंगे। पहले साल 13.93 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।