रक्षा मंत्री की भारतीय वायु सेना से किसी भी आकस्मिक स्थिति के लिए तैयार रहने की अपील

रक्षा मंत्री की भारतीय वायु सेना से किसी भी आकस्मिक स्थिति के लिए तैयार रहने की अपील

नई दिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भारतीय वायु सेना से किसी भी आकस्मिक स्थिति का मुकाबला करने के लिए तैयार रहने की अपील की। यह बात उन्होंने भारतीय वायु सेना कमांडर सम्मेलन (एएफसीसी) के दौरान वायुसेना मुख्यालय में कही। उन्होंने कमांडरों को भरोसा दिलाया कि चाहे वित्तीय आवश्यकताएं हों या और कोई आवश्यकता, सशस्त्र बलों की सभी जरुरतों को पूरा किया जाएगा।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि अपनी संप्रभुता की रक्षा के लिए राष्ट्र का संकल्प उसकी सशस्त्र सेनाओं की क्षमता में विश्वास के कारण अडिग है। उन्होंने एलएसी पर तनाव घटाने की जारी कोशिशों पर प्रशंसा भी की।

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भारतीय वायु सेना कमांडरों को अपने संबोधन में रक्षा मंत्री ने कहा कि भारतीय वायु सेना ने जिस पेशेवर तरीके से बालाकोट में हवाई हमलों तथा पूर्वी लद्दाख में त्वरित तैनाती को अंजाम दिया, उससे शत्रुओं को एक जोरदार संदेश गया है।

उन्होंने कोविड-19 महामारी से निपटने में भी वायुसेना की तारीफ की। रक्षा मंत्री ने प्रौद्योगिकी में आए बदलावों तथा नैनो टेक्नोलाजी, आर्टिफिसियल इंटेलीजेंस, साइबर एवं अंतरिक्ष क्षेत्रों में उभरती क्षमताओं को अपनाने में भारतीय वायु सेना की भूमिका की सराहना करते हुए अपने भाषण का समापन किया।

वायु सेनाध्यक्ष एयर चीफ मार्शल आर. के. एस. भदौरिया ने कमांडरों को अपने संबोधन में कहा कि भारतीय वायु सेना अल्पकालिक एवं रणनीतिक खतरों का मुकाबला करने के लिए पूरी तरह मुस्तैद है और यूनिट भी शत्रुओं के किसी भी आक्रमक कार्रवाई का मुकाबला करने के लिए बिल्कुल तैयार हैं।