संजय सिंह ने छोड़ा ‘हाथ’ का साथ

Sanjay SinhPhoto Credit: Facebook Sanjay Sinh

अमेठी।  गांधी परिवार के करीबी संजय सिंह ने कांग्रेस का साथ छोड़ दिया है । संजय ने राज्यसभा सदस्य पद से भी इस्तीफा दे दिया है। अमेठ राजघराने से ताल्लुक रखने वाले संजय सिंह के बुधवार को बीजेपी में शामिल होने की खबरें हैं।

इस बार के लोकसभा चुनाव में सुल्तानपुर में बीजेपी की मेनका गांधी से मात खाने वाले संजय सिंह को कांग्रेस ने 2014 में असम से राज्यसभा सांसद बनाया था। अप्रैल 2020 में इनका कार्यकाल पूरा होना था ।

अमेठी में खास पहचान रखने वाले संजय सिंह लंबे वक्त से कांग्रेस के साथ रहे हैं।

कांग्रेस से इस्तीफा देने की वजहों पर बात करते हुए संजय ने कहा कि ये दुर्भाग्य है कि कांग्रेस अपने अतीत से बाहर नहीं निकल पा रही, ना हीं अपना भविष्य तय कर पा रही है। संजय सिंह ने प्रधानमंत्री के ‘सबका साथ सबका विकास’ की नीति की सराहना करते हुए कहा कि पूरा देश नरेंद्र मोदी के साथ खड़ा है इसीलिए वो भी उनके साथ खड़े हैं।

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संजय सिंह की पहली पत्नी गरिमा सिंह अमेठी से बीजेपी विधायक हैं

डॉ. संजय सिंह 80 के दशक में दो बार विधानसभा सदस्य रहे। 1988 में कांग्रेस छोड़ जनता दल में चले गए। 1989 के लोकसभा चुनाव में राजीव गांधी के खिलाफ अमेठी से चुनाव हार गए। बाद में जनता दल ने उन्हें राज्यसभा भेजा।

1998 में इन्होंने बीजेपी के टिकट पर चुनाव लड़कर अमेठी से जीत हासिल की थी, जो कांग्रेस के गढ़ में बीजेपी की पहली जीत थी।

1999 में भी संजय सिंह बीजेपी के टिकट पर अमेठी से मैदान में थे लेकिन उन्हें सोनिया गांधी से करारी हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद 2003 में सिंह कांग्रेस में शामिल हो गए। तब से पार्टी के साथ ही थे और गांधी परिवार के बेहद करीबी माने जाते थे।